मंगलवार, 19 अप्रैल 2022

सपनों के पीछे का रहस्य, एक ऐसी अनसुलझी❌ मेरी अपनी कहानी

Mя᭄𝖗𝖔𝖈𝖐𝖘𝖙𝖆𝖗💠S@NU࿐

सपनों के पीछे का रहस्य, एक ऐसी अनसुलझी❌ मेरी अपनी कहानी

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सपने में उड़ने का क्या मतलबहोता है एक ऐसा सपना जो मुझे बचपन से लेकर अभी तक आ रहा है, जिसमें मैं हवा में उड़ रहा होता हूं और मुझे इसका मतलब अभी भी नहीं पता क्या सपनों का कोई रहस्य हो सकता है| या फिर सपने केवल सपने होते है मैंने सपनों को जानने के लिए सपनों के बारे में स्टडी किया पता चला कि ऐसा नींद के अलग-अलग अवस्थाओं के कारण होता है |एक सामान्य नींद होता है दूसरा माध्यम नींद और एक गहरी नींद जब हम सो रहे होते हैं तब हम आराम कर रहे होते हैं लेकिन इसका मतलब यह नहीं होता कि हमारे शरीर के सारे Part's भी आराम कर रहे हैं हमारे धड़कन का धड़कना 24 घंटे होता रहता है हमारे मस्तिष्क के अलग-अलग भाग होते हैं जो अलग-अलग समय मैं अलग-अलग कामों के लिए एक्टिव होते हैं जब हम सो रहे होते हैं तो हमारे दिमाग का केवल वह भाग एक्टिव होता है जो हमारे थिंकिंग के लिए सेंसिटिव पॉइंट माना जाता है विचारों की अपनी एक फ्रीक्वेंसी होती है जिसे हमारा माइंड रिसीव करता है एक रेडियो सिग्नल की भांति जब हम सो रहे होते हैं तो हमारा दिमाग बहुत शांत होता है और इस स्थिति में यह बहुत अधिक साफ होता है नए सिंगल्स को कैच करने के लिए और यह खुले विचारों वाली फ्रीक्वेंसी हमारे दिमाग में प्रवेश करती हैं और जिस वजह से हमारे दिमाग में दृश्य बनने प्रारंभ हो जाते हैं जब आप कुछ चीज सोचते हैं इसका मतलब यह है कि आप उस सोच के लिए एक दृश्य पैदा कर रहे हैं और नींद वाला यही दृश्य आपके लिए सपने के तौर पर होता है सपने में हम अक्सर उन चीजों को देखते हैं जिन चीजों के बारे में हम अक्सर सोचते हैं लेकिन यह जरूरी नहीं है कि हम जिन चीजों को सोच है या ना सोचे केवल वही सपने में आए क्योंकि जिन चीजों से हमारा कोई लेना देना नहीं होता है वह भी कभी-कभी हमारे सपने में आ जाते है जो बहुत डरावनी और अच्छे भी हो सकते हैं चलो अगर हम यह कहते हैं कि सपने का संबंध हमारी सोच से होता है ठीक है लेकिन सोते वक्त हम तो केवल सो रहे होते हैं ना ऐसा नहीं है कि हम सोते वक्त भी सोच रहे हैं आपके लिए ऐसा कह सकते हैं लेकिन जैसे कि मैंने बताया हुआ है कि आपका दिमाग आपके सोने पर भी एक्टिव होता है और काम करता रहता है पर यह जाहिर नहीं हुआ कि सपने का एक ही बात बार-बार आने का क्या मतलब है मेरे सपने में जो दृश्य आते हैं मेरे उड़ने के साथ-साथ काफी डरावने भी होते हैं पर कभी-कभी यह बहुत निराला भी होता है इस लेख को पढ़ने वाले श्रोता अगर इस संबंध में कुछ जानते हैं तो मुझे जरूर बताइए Mя᭄𝖗𝖔𝖈𝖐𝖘𝖙𝖆𝖗💠S@NU࿐
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रविवार, 20 दिसंबर 2020

पराया

  पराया  यह  शब्द आप लोगों ने कई बार घर परिवार मोहल्ले  आदि में सुना होगा और खासकर घर में तो कई बार सुनने को मिलता है अगर आपके घर में बेटियां हैं तो  ना जाने क्यों लोग बेटियों को पराया कहते हैं ना जाने क्यों लोग बेटियों को ही विदा करते हैं फिर जान के अनजाने लोग भी बेटियों को ही मां कहते हैं  क्या इस संसार का यही रीत है अगर हां तो प्रीत क्या है  और यह बाबुल कौन है जो घोड़े में आया और घोड़ी में चला गया धुम मचा के ऐसा भी कोई करता है क्या   जो अपनों की सपनों को भी पराया कर गया    पराया तो लोग हैं जो पराया कहते हैं  पराए लोग हो सकते हैं पर घर नहीं घर तो अपना ही होता है हमेशा से हमेशा की तरह जहां भी रहो वही घर बन जाता है परिवार बन जाता है खुश होने के लिए हमें खुश नसीब की जरूरत नहीं है क्योंकि खुशनसीब तो हम खुद हैं जो इस धरती पर जन्मे है इस मां को कभी पराया मत कहना यह अपनी मां है हम सब की मां इसकी रक्षा करो अगर इसे पराया कहा  तो  सारी दुनिया से पराए हो जाओगे पता नहीं अगले बार किस  प्लानेट पर जन्मेगे   वहां हरियाली होगी भी कि नहीं खुशहाली होगी की भी नहीं  वक्त की घड़ी आज है कि आज को जी लेते हैं वरना वक्त कहां आएगा सपनों का लिहाज पूरा कर लेते हैं वरना वक्त कहां आएगा वक्त ने सबको को पराया किया है अगर मैं आज हूं तो कल नहीं रहूंगा क्योंकि पराया वक्त  तो सबका आता है जो सबको अपनों से पराया कर जाएगा

 Next line ... अगले दिन


शुक्रवार, 18 दिसंबर 2020

सपने का रहस्य

 

सपनों  के  पीछे  का  रहस्य, एक  ऐसी  अनसुलझी❌
                     मेरी अपनी कहानी
             Mя᭄𝖗𝖔𝖈𝖐𝖘𝖙𝖆𝖗💠S@NU࿐

सपने में उड़ने का क्या मतलब होता है एक ऐसा सपना जो मुझे बचपन से लेकर अभी तक आ रहा है जिसमें मैं हवा में उड़ रहा होता हूं और मुझे इसका मतलब अभी भी नहीं पता क्या सपनों का कोई रहस्य हो सकता है या फिर सपने केवल सपने होते है मैंने सपनों को जानने के लिए सपनों के बारे में स्टडी किया पता चला कि ऐसा नींद के अलग-अलग अवस्थाओं के कारण होता है  एक सामान्य नींद होता है दूसरा माध्यम नींद और एक गहरी नींद  जब हम सो रहे होते हैं तब हम आराम कर रहे होते हैं लेकिन इसका मतलब यह नहीं होता कि हमारे शरीर के  सारे Part's भी आराम कर रहे हैं हमारे धड़कन का धड़कना 24 घंटे होता रहता है हमारे मस्तिष्क के अलग-अलग भाग होते हैं जो अलग-अलग समय मैं अलग-अलग कामों के लिए एक्टिव होते हैं जब हम सो रहे होते हैं तो हमारे दिमाग का केवल वह भाग एक्टिव होता है जो हमारे थिंकिंग के लिए सेंसिटिव पॉइंट माना जाता है विचारों की अपनी एक फ्रीक्वेंसी होती है जिसे हमारा माइंड रिसीव करता है एक रेडियो सिग्नल की भांति जब हम सो रहे होते हैं तो हमारा दिमाग बहुत शांत होता है और इस स्थिति में यह बहुत अधिक साफ होता है नए सिंगल्स को कैच करने के लिए और यह खुले विचारों वाली फ्रीक्वेंसी हमारे दिमाग में प्रवेश करती हैं और जिस वजह से हमारे दिमाग में दृश्य बनने प्रारंभ हो जाते हैं जब आप कुछ चीज सोचते हैं इसका मतलब यह है कि आप उस सोच के लिए एक दृश्य पैदा कर रहे हैं और नींद वाला यही दृश्य आपके लिए सपने के तौर पर होता है सपने में हम अक्सर उन चीजों को देखते हैं जिन चीजों के बारे में हम अक्सर सोचते हैं लेकिन यह जरूरी नहीं है कि हम जिन चीजों को सोच है या ना सोचे केवल वही सपने में आए क्योंकि जिन चीजों से हमारा कोई लेना देना नहीं होता है वह भी कभी-कभी हमारे सपने में आ जाते है जो बहुत डरावनी और अच्छे भी हो सकते हैं  चलो अगर हम यह कहते हैं कि सपने का संबंध हमारी सोच से होता है ठीक है लेकिन सोते वक्त हम तो केवल सो रहे होते हैं ना ऐसा नहीं है कि हम सोते वक्त भी सोच रहे हैं आपके लिए ऐसा कह सकते हैं लेकिन जैसे कि मैंने बताया हुआ है कि आपका दिमाग आपके सोने पर भी एक्टिव होता है और काम करता रहता है  पर यह जाहिर नहीं हुआ कि सपने का एक ही बात बार-बार आने का क्या मतलब है मेरे सपने में जो दृश्य आते हैं मेरे उड़ने के साथ-साथ काफी डरावने भी होते हैं पर कभी-कभी यह बहुत निराला भी होता है इस लेख को पढ़ने वाले श्रोता अगर इस संबंध में कुछ जानते हैं तो मुझे जरूर बताइए

               Mя᭄𝖗𝖔𝖈𝖐𝖘𝖙𝖆𝖗💠S@NU࿐
सपना क्या है किस लिए आता है क्या हम इन पर नियंत्रण रख सकते हैं तो चलिए सपने की बेसिक प्रतिरूप को समझाने की कोशिश करता हूं सपना यानी कि चित्रों (दृश्य )का समूह जो काल्पनिक भी होती है और नहीं भी तो फिर यह दृश्य क्या है जो हम अपने आंखों से देखते हैं वही तो दृश्य है पर सोते समय तो हमारी आंखें बंद होती है तो फिर दृश्य कहां से दिखाई देते हैं यार हम दो तरीके से किसी भी चीज को देख सकते हैं  एक है खुली आंखों से देखना जो की  दृश्य वास्तविक है एक बंद आंखों से जो की दृश्य  काल्पनिक है कल्पना का सीधा संबंध हमारे स्मरण शक्ति से होता है जब हम किसी चीज के बारे में सोचते हैं तो हमारे अंतर्मन मैं चित्रों का एक दृश्य प्रकट होने लगता है To क्या सोचने के कारण सपना आता है और सोए नींद में भला हम किसी के बारे में क्यों सोचेंगे अरे नहीं आप तो सो रहे हो ना यह काम आपका नहीं यह तो दिमाग कर रहा है हमारा दिमाग एक रिसीविंग सिस्टम की तरह काम करता है विचारों की अपनी एक फ्रीक्वेंसी होती है जिसे हमारा दिमाग रिसीव करता है और इसे आप रोक नहीं सकते और यही कारण है कि हम अपने विचारों को लगाम नहीं लगा सकते और जिस दिन अगर ऐसा हो गया ना कि हम अपने विचारों को अपने कंट्रोल में ला सकते हैं उस दिन se गजब हो जाएगा सच कह रहा हूं क्या आपके विचार आपके कंट्रोल में है हां मत कहना क्योंकि यह बिल्कुल भी सच नहीं है हमारा दिमाग जितना शांत होता है उतना ही अधिक और अच्छे विचार आते हैं और उन विचारों में ही दृश्य होते हैं जब हम सो रहे होते हैं To हमारा दिमाग पूरी तरह से शांत होता है पूरे ब्रह्मांड में सकारात्मक और नकारात्मक विचारों की एक फ्रीक्वेंसी फैली हुई है यदि आपको सकारात्मक विचार चाहिए तो आप को अपने दिमाग को  शांत रखना पड़ेगा जब आप गुस्से में होते हो ना तो आपका दिमाग सही तरीके से विचारों की फ्रीक्वेंसी को रिसीव नहीं  कर पा रहा होता है और शायद इसीलिए कहते हैं कि गुस्से में कोई भी निर्णय नहीं लेना चाहिए वरना कुछ भी हो सकता है 


Next line.   तब लिखूंगा जब आपको समझ में आ रहा हो वरना लिखने का कोई मतलब नहीं रहेगा ना

मुझे कमेंट करके बताओ कि क्या आपको समझ में आ रहा है जो मैं बताना चाह रहा Hun🤗🤗


वैसे तो सपनों के बहुत से राज होते हैं उसी प्रकार हम सबके भी अपने बहुत से राज हैं फिलहाल अभी हम यहां सपनों के बारे में जानने वाले हैं

शुक्रवार, 11 दिसंबर 2020

Love

 


जो जागते हैं तन्हा रातों में वही जानते हैं 🌹                        किसी को खोने का दर्द क्या होता है🌹

चाहता है यह दिल कुछ तो बताना🌹                                  जो जागते हैं तन्हा रातों में🌹

खोए से हम जागे से तुम कुछ तो बताना🌹                         यार जो जागते हैं तन्हा रातों में🌹

चाहता है यह दिल कुछ तो बताना 🌹                                  जो रोते नहीं रुलाते हैं तन्हा यादों मे🌹

 जो जागते नहीं जगाते हैं तन्हा रातों में🌹                            यार कुछ तो बताना जो जागते हैं तन्हा रातों में🌹

भूले से हम भुलाए से  तुम कुछ तो बताना 🌹                       जो जागे और जगाए से हैं तन्हा रातों में🌹

 चाहता है यह दिल कुछ तो बताना  🌹                                  जो जागते हैं तन्हा रातों में🌹

दिल की बात दिल में है यार कुछ तो बताना   🌹                   जो जागते हैं तन्हा रातों में🌹

खोए से हम है कहीं यादों में तुम्हारी 🌹                               कोमल सी पलकें है कहीं नम हमारी🌹

🌹 यार कुछ तो बताना   ...,................😍😘                                                        यार कुछ तो बताना🌹






सोमवार, 7 दिसंबर 2020

आजादी

  <html>

<head> आजादी /

 <title> आजादी</title>

 


हम सबको अपनी आजादी का हक है और क्यों नहीं 1947 में हमारा देश आजाद जो हो गया है पर यहां पर मैं केवल स्वयं की आजादी के बारे में बात कर रहा हूं आपको क्या लगता है कि आप आजाद हैं आप जो भी चाहते हैं कि उसे आजादी के तौर पर कर पाते हैं क्या आपका ज्ञान और अटूट विश्वास ही आपकी आजादी का मार्ग है यदि आपको लगता है कि आप समाज समाज की बेड़ियों में कैद है तो लोग क्या कहते हैं लोग क्या सोचेंगे तब तक सच में आपका क्या होगा? सोच आज का दिन है।
छल रहा है।
यह आजादी जो आपको छीन रही है आप की अंदर की आजादी है आपकी अपनी स्वयं की आजादी है पर क्या हम अपने आप के साथ ऐसा होने देंगे बिल्कुल नहीं आजादी हमारा जन्मसिद्ध अधिकार है बाल गंगाधर तिलक ने कहा है ना क्यों दोस्तो - चलो हम अपने आज ! दिन कैसा रहेगा! ? हमें अपना माइंड सेट बदलना होगा! माइंडसेट को बदलने के लिए क्या करना चाहिए?ज्ञान, अटूट विश्वास और उत्साह,   हम दुनिया के कई सारे बंधनों में कैद हैं। अंतर शक्ति को धारणाणी ही नहीं है आप अपनी पहचान कर सकते हैं अहिंसाओं के साथ अपने अपने अहसास आपको उस दिशा में ले जाएंगे जहां आप जाना चाहते हैं जहां पर आप की मंजिल है हमेशा खुश रहे और नई चीजों को सीखने के लिए उत्साहित रहें। उत्साह से किसी भी काम को करने पर हंड्रेड परसेंट रिजल्ट मिलने की संभावना बढ़ गई है, उत्साह शरीर में एनर्जी लेवल को कई हद तक बढ़ा देता है इसलिए मुंह लटकाए ना बैठो कि मैं जहां फंस गया हूं इसलिए खुद को उत्साह से भर लो और खुद को। को। को। के आजाद कर लो दुनिया के पूरे बंधन से ’! हम अपनी खुशियों के मालिक खुद है और अपनी लाइफ का भी, (हमारी पत्नी का भाई जोबस जोक था) यार   भागवत गीता मैं भी बंधन मुक्ति का एक अच्छा उल्लेख मिलता है।  

 आगे फिर बताऊंगा तब तक के लिए बाय बाय अपना रख रखिए खुश रहिए मुस्कुराते रहिए गुनगुनाते रहिए

आगे ...... 🌹🌹🌹🌹🌹</head>

गुरुवार, 26 नवंबर 2020

अल्फाज

 


चल चलें खुशबू के उस बाग में 

                     जिसमें हो महकता सा प्यार ❤

  पंछी की चाहत और खुशबू की महक

                    लाते हो रिमझिम सा प्यार❤

रिमझिम सी बरसात में रिमझिम सी यादें हो

                      यार कर लो ना इतना सा प्यार❤

यार कर लो ना इतना सा प्यार❤ 

                      हां बस इतना सा प्यार ❤

यादों की बरसातों में होती है बूंदे प्यार की

होती है हर सुबह की शाम एक लम्हा तेरी यादों की

      उड़ने की है ख्वाब मेरे ख्वाबों  ख्वाबों में गीत तेरे🎶

           यार कर लो ना इतना सा प्यार ❤

            यार कर लो ना इतना सा प्यार❤

हां बस इतना सा प्यार 

यार कर लो ना इतना सा प्यार ..❤❤❤❤❤

                   गुम है शाम कहीं लम्हों में तुम्हारी

                   खोए से हम हैं कहीं यादों में तुम्हारी

 अधूरे से है ख्वाब मेरे बिन तेरे🎶

 अधूरी सी कहानी मेरी बिन तेरे🎶

                       महज बुझी सी है यह पहेली

                       महज सूझी सी है यह पहेली

 तेरी यादों के काफिले अब सुलगने से  लगे हैं🎵

  तेरी यादों के काफिले अब मचलने से लगे हैं🎵

 

Next line...,



मंगलवार, 24 नवंबर 2020

मेरा बचपन


   याद आता है जब मुझको मेरा बचपन 🌹

   क्या खूब रहा वह मस्त मेरा बचपन🌹

                              खेल खेल में डूबा रहता 🌹

                            मस्त हवाओं में झूमा रहता🌹

 कहाँ गया वह मस्त मेरा बचपन 🌹 

कैसे भूलू वह मस्त मेरा बचपन 🌹

                           बालू में वह  खेलना🌹

                           झूले में वह झुलना🌹

खूब रहा वह मस्त मेरा बचपन🌹 

 कहाँ गया वह मस्त मेरा बचपन🌹

                        खेल खेल में लड़ना होता🌹 

                         बात बात में रोना होता🌹 

याद आता  मुझको मस्त मेरा बचपन🌹

 क्यों वह चला गया मस्त मेरा बचपन🌹

                       कैसे क्यों और कब हो गया🌹

                       कैसे क्यों कब मैं बड़ा हो गया🌹

 कहाँ गया वह मस्त मेरा बचपन🌹 

कैसे भूल गया वह मस्त मेरा बचपन🌹 

                         ना जाने मेरा बचपन कहां खो गया🌹

                         ना जाने मैं अब क्यों बड़ा हो गया🌹

 कहां गया वह पकड़म पकड़ाई🌹

 कहाँ गया वह काना राजा  Tu🌹

 अब तो रितु भी नहीं खेलती और राज भी नहीं खेलता🌹

The Start....🌹.............🤗...,.....🎧....,,....🌹..The End


Next.......



 




जिंदगी का रहस्य

 

            जिंदगी की एक अपनी कहानी
            Mя᭄𝖗𝖔𝖈𝖐𝖘𝖙𝖆𝖗💠S@NU࿐
जिंदगी ने  बहुत हंसाया और हंस हंस के रुलाया पर बहुत कुछ सिखाया और आगे भी बहुत कुछ सिखाएगा जिंदगी एक पूरी किताब की तरह होती है आप जितना सीखना चाहो सीख सकते हो सीखने की कोई उम्र नहीं होती सीखने की कोई सीमा नहीं होती यदि आप सीखने की चाहत रखते हैं किसी को खोने का कोई गम ना रखो किसी को पाने का कोई अभिमान ना रखो शरीर तो बस माटी का मोल है और माटी में मिल जाता है क्या आप जानते हैं कि आप कौन हैं?
जी हां आपको लग सकता है कि अरे यह कितना बेहूदा सा सवाल है पर नहीं यह सच में एक सवाल है कि  क्या आप जानते हैं कि आप कौन हैं?आप यकीनन कहेंगे कि हां मैं जानता हूं मैं कौन हूं पर मैं कहूंगा यह बात सत्य नहीं है क्योंकि जिस दिन आप स्वयं को जान जाएंगे उस दिन आप जीवन के रहस्य को भी जान जाएंगे हम आज की इस भूचाल सी दुनिया में लगातार परेशानियों से घिरते जा रहे हैं । । और जीवन को तो जैसे परेशानियों ने ही घर ही बना लिया हो हम अपने से ज्यादा कहीं के दूसरों के बारे में सोचते हैं धन दौलत अध्ययन नौकरी परिवार गाड़ी मोबाइल आदि के बारे में सोचते हैं क्या आपके साथ वही होता है जो आप नहीं चाहते या फिर अनचाहा ज्यादातर लोग कहते हैं कि हां मेरे साथ हमेशा वही होता है जो मैं नहीं चाहता और मैं अपनी जिंदगी से परेशान हूं मेरे पास पैसे नहीं है मुझे लोन भरने हैं है फीस जमा करनी है सब अपनी परेशानियों में ही डूबे रहते हैं शायद आप का भी यही जवाब हो पर आपकी यह परेशानियां केवल अभी तक ही थी क्योंकि यह पूरा पढ़ने के बाद यदि आप इन बातों को अमल में लाते हैं तो निश्चित ही आप जीवन के रहस्य को समझ   पाएंगे तो चलिए जीवन के इस रहस्य को जानने से पहले अपना रहस्य जान लेते हैं  तो मेरा पहला सवाल है आपसे क्या आप भगवान पर विश्वास करते हैं क्या आप ने भूत देखा यदि हां तो अच्छी बात है यदि नहीं तो कोई बात नहीं यह आपकी धारणा के कारण है यानी आपके सोच और विश्वास की उपज है आपकी सोच और आपकी विश्वास ही आपकी धारणा का मुख्य कारण है आप जैसा सोचते हैं और जैसा विश्वास करते हैं दुनिया के तौर-तरीके भी आपको वैसे ही दिखाई पड़ते हैं इसलिए यदि आप जिन चीजों पर विश्वास करते हैं वह आपके लिए होता है आप उन्हीं भावनाओं में जीते हैं और वही सब आपकी जिंदगी में भी  घटित होता है जब आप चीजों को सोच रहे होते हैं इसका मतलब है कि आप उन चीजों को अपनी ओर आकर्षित कर रहे हैं यह हम सब के लिए एक सिद्धांत के रूप में काम करता है इसलिए मेरी हिदायत है कि आप हमेशा  अपने प्रति या दूसरों के प्रति एक अच्छी सोच को रखें! अकारण उन चीजों के बारे में न सोचे जिन पर आपका नियंत्रण  ना हो क्योंकि ऐसा करना हमारे लिए परेशानियों को बढ़ावा देती है .। असल दुनिया हमारे दिमाग में चल रहे विचारों की श्रंखला से निर्मित होती है  और वही हमारे अस्तित्व में आता है शायद आपको ऐसा लग सकता है कि यह बातेंंंंंंंंंं फिजूल की थी पर  यहां पर जो मैंने धारणाा रखी वह सचेत भाव की है मैंने जिंदगी के हर पहलू को समझने की कोशिश की है जिंदगी क्या है क्यों है और किस लिए है जिंदगी में दुखी का सबसे बड़ा कारण है  लालसा  जो एक तो पूरी होती है पर सब नहीं  और इन लालसाओं का कोई अंत नहीं  और जब आपकी इच्छा पूरी नहीं होती है तब आप दुखi होते हैं आपको पीड़ा पहुंचती है क्या आप खुद को जानने कोशिश करते है  अरे साहब समय ही कहां है जिंदगी को समझने के लिए अपनी जिंदगी तो दुनिया की भाग दौड़ में ही लगी है  क्यों ऐसा कुछ भी है आपके साथ , है ना याद रखो किसी के पीछे कभी मत भागो वरना खुद की जिंदगी से कब मिलोगे चलो मैं इसेेेेेे कुछ और अन्य तरीकों सेेेेे समझाने की कोशिश करता हमारा शरीर एक रिसीवर की भांति काम करता है वातावरण में जो कुछ भी हो रहा होता है हमारा शरीर  उन चीजों को पहचान लेता और हमारेेेेे भावों को जागृत कर देता है अब यह हमारेेेे भाव हमारे विचारों को पूरी तरीके से नियंत्रित करने लग जाते हैं और यह विचार हमारे शरीर को नियंत्रित करनेेेे लग जाते हैं और शरीर कार्य को नियंत्रिित करने लग जाता है इसके बाद होता यह है कि परिणाम हमारेेेे सामने होता और जब हम यह कहते हैं कि यह सब अपने आप हुआ इसमें हमारा कोई हाथ नहीं था तब हम पूरी तरह से गलत हो क्योंकि इस सब का वजह भी हम ही होते हैं मेरा कुल मिलाकर कहना है कि विचार ही जिंदगी को बनाती है हम जो सोचते हैं वहीीी करते हैं और हम जो नहीं सोचते वह भी कर लेते हैं और उसे हम दोषी ठहराते हैं कहते हैं कि परिस्थितिि के अनुसार हमने ऐसा किया  यदि आप दूसरों को जानने की बजाय  खुद को जानने की कोशिश करें संभवत आप जिंदगी की सभी पहेलियों को समझ पाएंगे 😍😋 हमें भी हुआ  है बचपन से ही किसी से किसी और तक Next.   लिखूंगा कुछ समय बाद

वक्त

 


वक्त है आज की आज को जी ले वरना वक्त चला जाएगा

 यह वक्त ही तो है जो अपनों के सपनों को भी उड़ा ले जाएगा 

 अभी भी वक्त है कुछ करने को वरना वक्त चला जाएगा

  दुखियों के संसार में जिया वक्त चला जाएगा

 गुजरा हुआ जमाना लिया यह वक्त चला जाएगा

 रुका था ना रुका है न रुकेगा यह वक्त चला जाएगा

  यू ना इतराव धन दौलत के मान से  यह वक्त चला जाएगा

वक्त ने किसे छोड़ा है जो वक्त में छोड़ा जाएगा


 परिंदे हैं हम जिसे वक्त का झोंका जो उड़ा ले जाएगा

भूल जाएगी दुनिया तुमको यह वक्त चला जाएगा

 अब भी वक्त है कुछ करने को वरना वक्त चला जाएगा

  सपनों का अरमान लिए बैठा है क्यों वक्त चला जाएगा

 फिर क्यों बैठा है रोने में यह वक्त चला जाएगा

 वक्त है आज की आज को जी ले वरना वक्त चला जाएगा

Next line...

2025 में क्रिप्टोकरेंसी: निवेश का नया दौर और इसके फायदे

2025 में क्रिप्टोकरेंसी: निवेश का नया दौर और इसके फायदे नमस्ते दोस्तों! आज हम बात करेंगे एक ऐसे विषय पर जो पिछले कुछ सालों से इंटरनेट पर छाय...